बेकाबू हुआ कोरोना : राजीव गांधी सुपर स्पेशयलिटी अस्पताल में सभी गैर-कोविड सेवाओं पर रोक:

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दिल्ली में कोरोना संक्रमण (COVID-19) के
बढ़ते मामलों के मद्देनजर राजीव गांधी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में चल रही
सभी गैर-कोविड-19 सेवाओं को अगले आदेश तक तत्काल प्रभाव से रोक कर दिया
गया है। इससे पहले एम्स और लेडी हार्डिंग जैसे अस्पतालों में भी सर्जरी और
ओपीडी व अन्य सेवाओं को सीमित कर दिया गया था।



एम्स ने तय ऑपरेशन रोके आपात स्थिति में ही सर्जरी



दिल्ली एम्स ने ऑफलाइन ओपीडी रजिस्ट्रेशन
बंद करने के बाद अब पहले से तय ऑपरेशन भी रोक दिए गए हैं। केवल आपात स्थिति
में ही मरीजों का ऑपरेशन किया जाएगा। पिछले साल भी एम्स ने ऐसा किया था,
जब देश में कोरोना के मामले बढ़ने लगे थे। गुरुवार को एम्स निदेशक डॉ. रणदीप
गुलेरिया की निगरानी में हुई बैठक में डॉक्टरों ने कहा कि दिल्ली के हालात
बिगड़ चुके हैं। हर दिन हजारों की संख्या में लोग संक्रमित हो रहे हैं। ऐसे
में स्वास्थ्य क्षेत्र को बचाना भी जरूरी है, इसलिए पहले से तय ऑपरेशन को
अनिश्चितकाल के लिए रोकना जरूरी है। इस पर बैठक में फैसला हुआ कि शनिवार से
एम्स में ऑपरेशन थियेटर बंद कर दिए जाएंगे। केवल उन्हीं मरीजों का ऑपरेशन
किया जाएगा जिनकी जान को जोखिम है और चिकित्सीय तौर पर उनका ऑपरेशन करना
तत्काल जरूरी हो। बैठक के बाद प्रबंधन ने सभी विभागों को यह आदेश जारी कर
दिया। दो दिन पहले ही एम्स ने ऑफलाइन ओपीडी रजिस्ट्रेशन पर रोक लगाई गई थी।




दिल्ली में कोविड-19 के 7,437 नए मामले सामने आए थे, जो इस साल का एक दिन का सबसे बड़ा आंकड़ा है, जबकि कोरोना वायरस संक्रमण
के कारण 24 और लोगों की मौत हो गई, जिससे राजधानी में मृतकों की संख्या
बढ़कर 11,157 हो गई। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, संक्रमण दर भी पिछले दिन
की 6.1 प्रतिशत से बढ़कर 8.1 प्रतिशत हो गई, क्योंकि पिछले कुछ हफ्तों में
मामलों में काफी वृद्धि हुई है। इस वर्ष पहली बार एक दिन में 7,000 से अधिक
नए मामले सामने आए हैं। पिछले दो दिन 5,000 से अधिक नए मामले आए थे।







दिल्ली में अब तक के सबसे अधिक दैनिक
मामले 11 नवंबर को आए थे, जब 8,593 मामले आए थे, जबकि शहर में कोविड-19 से
सबसे अधिक मौतें 19 नवंबर को हुई थीं, जिस दिन 131 मरीजों की मौत हो गई थी।
बुलेटिन में कहा गया कि एक दिन पहले 52,696 आरटी-पीसीआर जांच और 39,074
रैपिड एंटीजन जांच सहित कुल 91,770 जांच की गई थी। गुरुवार को संक्रमण के
कुल मामले बढ़कर 6,98,005 हो गए। अब तक 6.63 लाख से अधिक मरीज वायरस से उबर
चुके हैं।



हेल्थ बुलेटिन के अनुसार, बीमारी के कारण
24 और लोगों की मौत हो गई, जिससे मृतकों की संख्या बढ़कर 11,157 हो गई।
दिल्ली में एक्टिव मरीजों की संख्या एक दिन पहले के 19,455 से बढ़कर 23,181
हो गई। बुलेटिन में कहा गया है कि होम आइलोसेशन में रखे गए लोगों की
संख्या बुधवार के 10,048 से बढ़कर 11,367 हो गई, जबकि कंटेनमेंट जोन की
संख्या एक दिन पहले के 3,708 से बढ़कर 4,226 हो गई।




सर गंगाराम अस्पताल के 37 डॉक्टर हुए कोरोना पॉजिटिव 



कोविड-19 की मौजूदा लहर के बीच गुरुवार को
दिल्ली के सर गंगाराम अस्पताल में 37 डॉक्टर कोरोना संक्रमित पाए गए और
उनमें से पांच को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। राजधानी में
पिछले कुछ हफ्ते में कोरोना वायरस के मामलों में तेज बढ़ोतरी हुई है और
पहली बार 7,000 से ज्यादा मामले आए हैं। अस्पताल के सूत्रों ने बताया कि
कोविड-19 महामारी की हालिया लहर में 37 डॉक्टरों में संक्रमण की पुष्टि हुई
है। सर गंगा राम अस्पताल के एक सूत्र ने बताया कि अस्पताल में कोविड-19 के
मरीजों का इलाज करते हुए 37 डॉक्टर संक्रमित हुए हैं। इन डॉक्टरों में से
अधिकतर में कोरोना के हल्के लक्षण मिले हैं। कुल 32 डॉक्टर क्वारंटाइन में
हैं और पांच डॉक्टरों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पिछले एक साल से महामारी के दौरान सर गंगाराम अस्पताल ने कोविड-19 के इलाज
में अग्रणी भूमिका निभाई है।


दिल्ली में कोरोना संक्रमण (COVID-19) के
बढ़ते मामलों के मद्देनजर राजीव गांधी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में चल रही
सभी गैर-कोविड-19 सेवाओं को अगले आदेश तक तत्काल प्रभाव से रोक कर दिया
गया है। इससे पहले एम्स और लेडी हार्डिंग जैसे अस्पतालों में भी सर्जरी और
ओपीडी व अन्य सेवाओं को सीमित कर दिया गया था।



एम्स ने तय ऑपरेशन रोके आपात स्थिति में ही सर्जरी



दिल्ली एम्स ने ऑफलाइन ओपीडी रजिस्ट्रेशन
बंद करने के बाद अब पहले से तय ऑपरेशन भी रोक दिए गए हैं। केवल आपात स्थिति
में ही मरीजों का ऑपरेशन किया जाएगा। पिछले साल भी एम्स ने ऐसा किया था,
जब देश में कोरोना के मामले बढ़ने लगे थे। गुरुवार को एम्स निदेशक डॉ. रणदीप
गुलेरिया की निगरानी में हुई बैठक में डॉक्टरों ने कहा कि दिल्ली के हालात
बिगड़ चुके हैं। हर दिन हजारों की संख्या में लोग संक्रमित हो रहे हैं। ऐसे
में स्वास्थ्य क्षेत्र को बचाना भी जरूरी है, इसलिए पहले से तय ऑपरेशन को
अनिश्चितकाल के लिए रोकना जरूरी है। इस पर बैठक में फैसला हुआ कि शनिवार से
एम्स में ऑपरेशन थियेटर बंद कर दिए जाएंगे। केवल उन्हीं मरीजों का ऑपरेशन
किया जाएगा जिनकी जान को जोखिम है और चिकित्सीय तौर पर उनका ऑपरेशन करना
तत्काल जरूरी हो। बैठक के बाद प्रबंधन ने सभी विभागों को यह आदेश जारी कर
दिया। दो दिन पहले ही एम्स ने ऑफलाइन ओपीडी रजिस्ट्रेशन पर रोक लगाई गई थी।